अदम्य साहस व पराक्रम के प्रतीक थे भगवान परशुराम : इन्द्रहास पाण्डेय
April 26, 2020 • गुरुकुल वाणी

घर घर दीप जलाकर मनाया गया भगवान परशुराम जयंती

दृढ़ संकल्प, न्याय प्रिय, शस्त्र व शास्त्र के अनन्य ज्ञानी थे परशुराम

सलेमपुर, देवरिया। विष्णु के छठे अवतार भगवान परशुराम की जन्म जयंती आज देश मे चल रहे सम्पूर्ण लॉक डाउन के चलते लोग अपने अपने घर पर दीप जलाकर मनाया।

तहसील क्षेत्र के ग्राम सभा गुमटही में पिछले अनेक वर्षों से भगवान परशुराम की जयंती बड़ी धूम-धाम से मनाया जाता रहा है। इस मौके पर विविध कार्यक्रमो का आयोजन भी होता रहा है। लेकिन इस वर्ष कोरोना महामारी व सम्पूर्ण देश में चल रहे लॉक डाउन के कारण अपने अपने घर पर रहते हुए भगवान परशुराम का जन्म जयंती मनाने का निर्णय लिया गया। *लोग अपने घर पर दीप जलाकर भगवान परशुराम की पूजा अर्चना किये* गुमटही सहित आस-पास के गांवो में भी लोग अपने घर पर दीप प्रज्ज्वलित कर मनाया परशुराम जयंती।

ईचौना निवासी इन्द्रहास पाण्डेय उर्फ पप्पू पाण्डेय ने अपने परिवार के साथ घर पर ही दीप जलाकर भगवान परशुराम की पूजा अर्चना की। उन्होंने कहा कि अदम्य साहस व पराक्रम के प्रतीक थे भगवान परशुराम, दृढ़ संकल्पी,न्याय प्रिय व शस्त्र-शास्त्र के अनन्य ज्ञानी भी थे भगवान परशुराम।
गुमटही निवासी सांकृत्यायन रवीश पाण्डेय ने अपने घर पर परिवार के सदस्यों के साथ विष्णु के छठे अवतार परशुराम के जन्म-जयंती पर दीप प्रज्ज्वलित कर पूजा-अर्चना की और कहा कि भगवान परशुराम को पिता की आज्ञा पर अपने माँ का सिर काट लेना व 21 बार इस पृथ्वी को क्षत्रिय राजाओं से मुक्त कर देने के लिए ही प्रचारित किया जाता रहा है लेकिन इसके ठीक विपरीत परशुराम ने शुद्र व वंचित लोग जो सामाजिक प्रताड़ना झेल रहे थे उन्हें समाज के मुख्य धारा में लाकर यग्योपवित संस्कार कर अक्षय तृतीया के दिन उनका सामूहिक विवाह भी कराया। यह विवाह उन्होंने उन महिलाओं के साथ कराया जो परशुराम व सहस्रार्जुन के बीच हुए युद्ध मे विधवा हो गयी थी। उन्होंने वर्गीय तथा जातीय विभाजन को दूर करने के लिए भी संघर्ष किये। अपने फरसे से केरल के समीप की भूमि पर उगे झाड़ियों को काट व साफ करके कृषि योग्य बनाये।

ईश्वर दत्त पाण्डेय, घनश्याम प्रकाश मिश्र, जितेंद पाण्डेय, धीरेन्ध्र प्रकाश मिश्र, अरविन्द पाण्डेय, दुर्गेश पाण्डेय, गोल्डन पाण्डेय, रजनीश पाण्डेय, अभिषेक पाण्डेय, बंटी पाण्डेय, अवनीश पाण्डेय, नरेंद्र पाण्डेय उर्फ मुन्ना पाण्डेय, राधेश्याम पाण्डेय, भीम पाण्डेय सहित सम्पूर्ण ग्रामवासियों व क्षेत्रवासियों ने अपने अपने घर पर दीप जलाकर भगवान परशुराम की जयंती मनायी।

*सांकृत्यायन रवीश पाण्डेय*