भाजपा कार्यकर्ताओं ने सभा कर दी श्रद्धाजलि
September 2, 2020 • गुरुकुल वाणी

_रवीश पाण्डेय_

सलेमपुर, देवरिया। पूर्व राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी के देहांत पर शोक सभा आयोजित कर भाजपा कार्यकर्ताओं ने दी श्रधांजलि। मण्डल अध्यक्ष कन्हैया लाल जायसवाल ने कहा कि प्रणब मुखर्जी का देहावसान भारतीय राजनीति में एक युग का अंत है। प्रणव दा उन गिने-चुने राजनीतिज्ञों में थे जिनका तमाम वैचारिक मतभेद के बावजूद सभी राजनीतिक दलों के नेताओं से मधुर संबंध रहे। वे राजनीति के परस्पर विरोधी दलों के बीच हमेशा एक पुल का कार्य किया करते थे।

वरिष्ठ भाजपा नेता अशोक पांडेय ने कहा कि भारत के पूर्व राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी एक कुशल प्रशासक एव राजनेता थे उनका व्यक्तित्व ऐसा था कि वो विरोधियों को साथ मिला लेते थे उन्होंने कई महत्वपूर्ण पदों पर देश की सेवा किया। वह ईमानदार व निष्ठावान भारत माता के सपूत थे उन्होंने इन्ही गुणों के कारण देश के राष्ट्रपति पद पर कार्य किया। उनका स्वर्गवासी होना देश एवम समाज के लिए अपूरणीय क्षति है।

जिलामंत्री अभिषेक जायसवाल ने कहा कि स्वर्गीय प्रणव मुखर्जी का जन्म एक स्वतंत्रता सेनानी परिवार में 11 दिसंबर 1935 को मिरती गांव बीरभूम जिला पश्चिम बंगाल में हुआ था।पांच दशकों के राजनीतिक यात्रा के अलग-अलग समय में भारत सरकार के अनेक महत्वपूर्ण मंत्रालय पर कार्य करने का उन्हें अनुभव प्राप्त हुआ। भारत के वित्त मंत्री विदेश मंत्री जैसे महत्वपूर्ण दायित्वों को बखूबी निभाये। उन्होंने कहा कि भारतीय गणराज्य की प्रथम नागरिक के रूप में उन्होंने जनमानस पर जो अपनी छाप छोड़ी है उसे भुलाया नहीं जा सकता।

अशोक पांडेय, राज्य पिछड़ा आयोग वर्ग के सदस्य त्रिपुणायक विश्वकर्मा, डॉ0 अजित मिश्र, जयनाथ कुशवाहा, शेषनाथ भाई,ओमप्रकाश यादव,बृजेश उपाध्याय, बचनदेव गोंड़,अजय दुबे वत्स, पुनीत यादव, आशुतोष तिवारी, अशोक तिवारी, विकास रौनियार, धनञ्जय चतुर्वेदी, विनय पांडेय,बृजेश कुशवाहा,मनोज सिंह,अनिल ठाकुर,पंकज पासवान,रवि कुशवाहा, उमाकांत मिश्र,रमाकांत मिश्र,कृष्णकांत तिवारी,अशोक सिंह,अनूप उपाध्याय अवधेश मद्देशिया ,पंकज पासवान आदि ने दुख प्रकट किया।