रेलवे का बड़ा फैसला, AC कोच में 25 डिग्री फिक्‍स रहेगा तापमान, कंबल नहीं मिलेगा
March 16, 2020 • गुरुकुल वाणी

 

नई दिल्ली। देश में कोरोना वायरस (Coronavirus) के संक्रमण को रोकने के लिए भारतीय रेलवे (Indian Railway) ने बड़ा कदम उठाया है. वेस्टर्न रेलवे (Western Railway) ने घोषणा की है कि अब ट्रेन में रेलवे की तरफ से कंबल नहीं दिया जाएगा. वेस्टर्न रेलवे के पीआरओ के मुताबिक, एसी कोच में सफर करने वाले यात्रियों को अब रेलवे कंबल नहीं देगी. उनका कहना है कि कंबलों की रोजाना सफाई नहीं हो पाती है, इसलिए यह फैसला लिया गया है. रेलवे ने यात्रियों से अनुरोध किया है कि वह यात्रा के दौरान अपने लिए कंबल घर से लेकर आएं.

हालांकि विभाग का कहना है कि कोरोना वायरस के कारण एसी कोचों का तापमान 25 डिग्री सेल्सियस फिक्‍स रखा जाएगा. ताकि यात्रियों को बोगी में कंबल की आवश्यकता न पड़े.

घर से कंबल लेकर करें यात्रा

कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए रेलवे ने यह फैसला लिया है. रेलवे की तरफ से यात्रियों को कंबल नहीं दिया जाएगी. यात्री अपने लिए कंबल घर से लेकर आएं. वेस्टर्न रेलवे के पीआरओ की तरफ से बयान जारी कर कहा गया कि एसी कोच में मिलने वाली कंबल की रोजाना सफाई नहीं होती है. इसलिए यात्री अपना कंबल लेकर यात्रा करें.
सभी ट्रेनों में किए जा रहे हैं ये उपाय
इसके अलावा संक्रमण को रोकने के लिए एसी के हर कोच से कुछ दिनों के लिए पर्दे हटा दिए जाएंगे. कोरोना के वायरस से बचाव के लेकर पूर्व मध्य रेलवे ने कई सख्त कदम उठाए हैं. यात्री की सुरक्षा के लिए रेलवे ट्रेनों में साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दे रहा है.

रेलवे द्वारा उठाए जा रहे हैं ये कदम

>> सभी डिविजन के डिब्बों के अंदर की पूरी सफाई करने को कहा गया.

>> तत्काल प्रभाव से सभी ट्रेनों की एसी कोचों से पर्दे हटाये जा रहे है.

>> सभी बोगियों की सफाई लाईसोल जैसे उपयुक्त कीटनाशक से करने का निर्देश जारी किया गया है.

>> रखरखाव के दौरान ईएमयू और डेमो कोचों में कीटनाशक दवा का छिड़काव हो.-प्रमुख स्टेशनों के >> सफाई कर्मचारियों को विशेष रूप से सफाई का निर्देश दिया गया है.

>> यात्रियों द्वारा उपयोग की जाने वाली चीजों को कीटाणु रहित रखने को कहा गया है.

>> स्टेशनों पर लगे बेंच और कुर्सियों, वॉशबेसिन, बाथरूम डोर, नॉब्स आदि कीटाणुरहित रखने को कहा गया है.

>> सभी कोचों में तरल साबुन का स्टॉक प्रयाप्त मात्रा में रखने को कहा गया है.